*पाँच तत्व का कोड है भगवान*
*जिससे यह ब्रह्माण्ड बना*
*भ + ग + व + आ + न*
*भूमि (धरती), गगन (आकाश),*
*वायु (हवा), अग्नि (आग),*
*नीर (पानी)*
*क्या अब भी कोई है*
*जिसने भगवान को देखा*
*अथवा जाना नही..?*
*अब अपने अन्दर झांक कर देखिये*
*भगवान नज़र भी आएंगे*
*और महसूस भी होंगे*
हरि ॐ
आपका दिन शुभ हो
*बहुत सुन्दर शब्द जो एक मंदिर के दरवाज़े पर लिखे थे*❝ सेवा करनी है तो - *घड़ी मत देखो* ❞
❝ प्रसाद लेना है तो - *स्वाद मत देखो* ❞
❝ सत्संग सुनाना है तो - *जगह मत देखो*❞
❝ बिनती करनी है तो - *स्वार्थ मत देखो* ❞
❝ समर्पण करना है तो - *खर्चा मत देखो* ❞
❝ रहमत देखनी है तो - *जरूरत मत देखो*
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सुप्रभात 


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